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ममता बनर्जी ओर मायावती साथ आए तो बीजेपी के लिए मुश्किल हो सकती जी: स्वामी

लोकसभा चुनाव होने में एक साल से भी कम समय रह गया है।

Mamta mayawati alliance togetherसभी राजनीतिक दल चुनाव प्रचार के लिहाज से सक्रिय हो गए हैं। हर रोज नए नए समीकरण बन रहे हैं। विपक्ष जहां पूरी ताकत के साथ भाजपा को चित करने की कोशिश में है, वहीं सत्ताधारी पार्टी भी किसी सूरत में कुर्सी हाथ से नहीं जाने देना चाहती। इस बीच भाजपा के राज्यसभा सांसद सुब्रमण्यम स्वामी ने ट्वीट कर भाजपा पर ही सवाल उठाया है। स्वामी ने ट्वीट में कहा कि अगर ममता, मायावती और शशिकला एक साथ आ जाएं, तो अगले आम चुनाव में भाजपा के लिए बड़ी मुसीबत बन सकती हैं। पश्चिम बंगाल में लोकसभा की 42 सीटें हैं। अगले आम चुनाव में भाजपा ने 21 सीटों पर जीत का लक्ष्य रखा है। भाजपा अध्यक्ष अमित शाह ने अभी से इसकी तैयारियां शुरू कर दी हैं।
हाल ही में पुरुलिया जिले के दौरा से पहले अमित शाह ने बताया कि हर महीने वह पार्टी की कोर टीम के साथ बंगाल का रिव्यू करते हैं। अमित शाह का मानना है कि बंगाल में बड़े बदलाव की ज़मीन तैयार है। बंगाल में भाजपा की सबसे बड़ी परेशानी मुख्यमंत्री ममता बनर्जी हैं। सन 2014 में ममता बनर्जी की टीएमसी ने 42 में 34 सीटों पर कब्जा जमाया था।
2014 के चुनाव परिणामों में भाजपा के लिए सबसे बड़ी खुशखबरी उत्तर प्रदेश से ही आई थी, जहां पार्टी ने 73 सीटों पर विजय पताका फहराई थी। सन 2019 में भी भाजपा को यूपी से काफी उम्मीदें हैं, लेकिन हाल ही में हुए लोकसभा और विधानसभा उपचुनाव के नतीजों से भाजपा थोड़ी परेशान जरूर होगी। वहीं दूसरी तरफ लोकसभा चुनाव के लिए अखिलेश यादव और मायावती के गठबंधन से भी भाजपा की पेशानी पर बल पड़ रहे हैं।
2014 में मायावती उत्तर प्रदेश में अपना खाता नहीं खोल पाईं थीं, लेकिन 2019 में उन्हें उम्मीद है कि नतीजे उपचुनाव जैसे ही होंगे। दक्षिण में कमल खिलाने के लिए भाजपा ने कमर कस ली है।। 2019 मिशन की तैयारी में जुटे अमित शाह आज ने दक्षिण के राज्यों में दौरे भी शुरू कर दिए हैं। तमिलनाडु में भाजपा हमेशा से ही कमजोर रही है हालांकि पहली बार बीजेपी ने अपनी गतबंधन पार्टियों के साथ मिलकर 2014 लोकसभा में 2 सीटें जीती थीं। जिसमें से एक बीजेपी ने और एक गठबंधन पार्टी पीएमके ने जीती थी। अमित शाह की प्लानिंग है कि एआईएडीएमके और सुपरस्टार रजनीकांत को अपने पाले में लाया जा सके। वैसे एआईएडीएमके को बैकडोर से बीजेपी की पार्टी माना जाता है।

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