समझौता! न बाबा न!

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संत टॉलस्ताय कहते हैं कि मीठी वाणी बोलने से दूसरों के मन में ही नहीं, अपने मन में भी मिठास की अनुभूति होती है. दरअसल, ऐसा करने के कारण व्यक्ति को कभी अहं जैसे दुर्गुण छू भी नहीं सकते. ऐसा व्यक्ति सरलता और सादगी को ही अपना जीवन आदर्श बना लेता है. यही बातें चंचल, शोख, मदमस्त और बिंदास अभिनेत्री गौहर खान ने शायद प़ढ और सीख ली है. यह सच है कि गौहर अभी वहां तक नहीं पहुंच पाई हैं, जहां उन्हें पिछले नौ सालों में पहुंचना चाहिए था, लेकिन वह हिम्मती हैं, इसलिए धैर्य से काम ले रही हैं. जुनूनी और निश्छल गौहर खान, एक-एक क़दम फूंक-फूंक कर चल रही हैं. नए नए कप़डों की शौकीन गौहर ख़ूब और ख़ूब पैसे कमा कर ढेर सारे गैजेट्स और ढेर सारी शॉपिंग करना चाहती हैं. दोस्तों को ट्रीट देना चाहती हैं. मस्त बहारों के मौसम का लुत्फ बिंदास और खुलेआम होकर विदेश में उठाना चाहती हैं. अपनी सिस्टर को भी महंगे गिफ्ट देना चाहती हैं, लेकिन इन सभी चीजों को पाने के लिए वह समझौता नहीं कर सकतीं. समझौता करके जीवन बिताने में उन्हें कतई यक़ीन नहीं है. तर्क देती हैं, समझौता नहीं की, इसीलिए नौ साल बीत जाने के बावजूद आज भी स्ट्रगल कर रही हूं. जी हां, मज़ा आ रहा है उन्हें स्ट्रगल करने में, क्योंकि स्ट्रगल के माध्यम से ही वह जीवन के गूढ़ार्थ को सीखने, जानने और समझने की कोशिश कर पा रही हैं. समझौता ज़रूर नहीं करना चाहतीं, लेकिन ग्लैमरस रोल करने में उन्हें कोई हिचकिचाहट नहीं. ह कहती हैं, ग्लैमरस रोल मैं आन, बान शान से करूंगी. उल्लेखनीय है कि जिस रोल में कोई भूलभुलैया न हो, कोई मजबूरी न हो और किसी को दुखी करके रोल छीनने का गम न हो, उस रोल को करने में फक्र महसूस करेंगी गौहर खान. यह निर्विवाद सत्य है कि जिस किसी ने भी अपने जीवन में ब़डी उपलब्धि हासिल की है, उसके जीवन को ध्यान से देखने पर यही प्रतीत होगा कि उसमें लक्ष्य तक पहुंचने के लिए एक अनूठी लगन और धैर्य कूट-कूट कर भरी हुई थी. मॉडल से डॉन की डार्लिंग बनीं फिल्म वन्स अपॉन ए टाइम में गौहर खान जीवन दर्शन को ख़ूब और खूब समझती हैं. उल्लेखनीय है कि 2002 में वह फेमिना मिस इंडिया बनीं, लेकिन बावजूद इसके उन्हें फिल्में नहीं मिलीं. हालांकि फिर भी वह इस उम्मीद पर ही टिकी रहीं कि एक दिन भाग्य का देवता उनकी क़िस्मत के दरवाजे को छूएगा ज़रूर और उस देवता के छूते ही वह भी एक नामचीन स्टार बन जाएंगी.  मिस इंडिया बनते ही शोहरत, दौलत और इज्जत क़दमबोसी करने लगी, लेकिन गौहर और आगे ब़ढना चाहती थीं, इसलिए शांत और धैर्य के साथ काम में रम गईं, क्योंकि रितिक रोशन और फरहान अख्तर को सेक्सिएस्ट एक्टर के रूप में आंकती हैं वह. कहती हैं, मैं जब भी इन दोनों को देखती हूं, उनके काम को देखती हूं, उनकी सुंदरता को निहारती हूं, इन दोनों के डांस स्टाइल को देखती हूं, संवाद अदायगी को देखती हूं, तो ऐसा लगता है कि हमें इन दोनों से बहुत कुछ सीखना, समझना और जानना है. दिल से एक आवाज़ आती है कि यदि आगे ब़ढना है, तो इन दोनों को फॉलो करो और इनसे सीखो. बिजनेसमैन बनना चाहती थीं वह, लेकिन नहीं बन पाईं. क़िस्मत ने साथ नहीं दिया. जीवन में कुछ बनना है, तो दूसरों की मदद करो और ख़ुश रहो, यही गौहर खान का मानना है. सपने भी वह देखती हैं. वह संजय लीला भंसाली के साथ काम करना चाहती हैं, क्योंकि उनकी नज़र में वही एक अच्छे निर्देशक हैं. गौहर ने कुछ फिल्मों में अभिनय और आइटम डांस किया. अब तक वह अपने करियर में कुछ ख़ास मुक़ाम तो हासिल नहीं कर पाईं, लेकिन उनके अभिनय को नोटिस ज़रूर किया गया. हां, उनके आइटम डांस के लिए उनकी काफी सराहना हुई. उन्होंने कुछ तेलुगु और हिंदी फिल्मों में आइटम डांस भी किया. लेकिन इश्कजादे में आइटम डांस झल्ला वल्ला… में उन्हें काफी प्रसिद्धी मिली. वहीं गौहर सोनी टीवी के शो झलक दिखला जा और यूटीवी बिंदास पर रियालिटी शो खान सिस्टर्स में अपनी बहन निगार के साथ नज़र आईं.

जन्म : 23 अगस्त , 1981 पूने, महाराष्ट्र बहन: निगार खान स्कूली शिक्षा: माउंट कार्मेल स्कूल, पूने. उपलब्धी : फेमिना मिस इंडिया. चौथा रैंक पेशा: मॉडलिंग, वीजे एक्टिंग, डांसर. फिल्में मिस इंडिया  (2003) आन: मेन एट वर्क ( 2004) रॉकेटमैन: सेल्समैन ऑफ द इयर (2009) वन्स अपॉन ए टाइम इन मुंबई (2010) गेम (2011) इश्कजादे (2012) 

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